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एडिमा एक चिकित्सा स्थिति है, जसमें शरीर के ऊतकों में अधिक मात्रा में तरल पदार्थ इकट्ठा हो जाता है तथा इससे मांशपेशियों में सूचना की समस्या उत्पन्न हो जाती है। यह तरल पदार्थ शरीर के विभिन्न हिस्सों जैसे कि पैरों, हाथों, बाहों और शरीर के अन्य हिस्सों में हो सकता है। एडिमा का कारण कोई पूर्व रोग या कुछ दवाओं के साइडइफेक्ट भी हो सकता है। एडिमा विभिन्न कारणों से हो सकती है, जिनमें हृदय विफलता, यकृत विफलता, गुर्दे की बीमारी, थायरॉयड रोग, बहुत कम हीमोग्लोबिन, कुछ संक्रमण और अन्य कारण शामिल हैं।
|एडिमा का उपचार मुख्यतः इसके कारणों पर निर्भर करता है। सामान्यतः इसके जोखिम को कम करने के लिए लिए कतिपय सावधानियां अपनायी जा सकती हैं, जीवनशैली में परिवर्तन लाते हुए जैसे नमक का उपभोग कम करना, प्रभावित अंगों को ऊचाई पर उठा कर रखना, कम्प्रेशन स्टोकिंग पहनना। एडिमा गम्भी हो जाने से इसे किसी मूल चिकित्सा स्थिति से जोड़ा जाता है, तो शरीर के अतिरिक्त तरल पदार्थ को निकालने में मदद करने के लिए डायूरेटिक्स जैसी दवाएं निर्धारित की जा सकती है। यदि आपको इसके गम्भीर लक्षण दिखाई देते हैं तो आपको एक विशेषज्ञ से सम्पर्क कर परामर्श लेने की आवश्यकता है, क्योंकि यह किसी गम्भीर चिकित्सा समस्या के संकेत हो सकते हैं।
शरीरकेऊतकोंमेंअतिरिक्तमात्रामेंतरलपदार्थकेसंचयनअर्थातएडिमाकेप्रबन्धनमेंअन्तर्निहितकारणोंऔरलक्षणोंसेराहतदेनेएवंशरीरमेंतरलपदार्थकीमात्राकोकमकरनासम्मिलितहै।एडिमाकेप्रबन्धनकेलिएकुछमहत्वपूर्णरणनीतियाँनीचेदीजारहीहै-रोगकेमूलकारणोंकीपहचानकरउपचारकरना-
वास्तविकरोगकीपहचानकरउसकाउपचारकरनाएडिमाकेकेप्रबंधनमेंपहलाकदमहै।इसमेंएकगहनचिकित्सापरीक्षणकीआवश्यकताहोतीहै, जिसमेंशारीरिकजाँचऔरनैदानिकपरीक्षणसम्मिलितकियेजासकतेहैं।सामान्यमूलकारणोंमेंहृदयरोगसम्बन्धीसमस्यायें, किडनीकीसमस्यायें, लीवरसेसम्बन्धितबीमारियां, नसोंकीग्रहणकरनेकीक्षमताकाक्षीर्णहोना, एवंकुछदवाओंकेसाइडइफेक्टसम्मिलितहोसकतेहैं।उपचारकरतेसमयएडीमाकीसमस्याकोउत्पन्नकरनेवालेकारकोंपरध्यानदेनाचाहिए।
जीवनशैलीमेंबदलाव
कईमामलोंमें, जीवनशैलीमेंबदलावसेएडिमाकोप्रबंधितकरनेमेंमददमिलसकतीहै।इसकेअन्तर्गतनिम्नलिखितउपायकियेजासकतेहैं-
दवाएं
एडिमाकेकारणऔरगंभीरताकेआधारपर, दवाएंनिर्धारितकीजासकतीहैं-
सर्जरीयाप्रक्रियाएं
एडिमाकेकुछगम्भीरमामलोंमेंअन्तर्निहितकारणसेसम्बन्धितउपचारकेलिएसर्जिकलयान्यूनइनवेसिवप्रक्रियाएंआवश्यकहोसकतीहैं।उदाहरणकेलिए, क्षतिग्रस्तनसोंकीमरम्मतयालसीकाजलनिकासीमेंसुधारकीप्रक्रियाओंपरविचारकियाजासकताहै।
मॉनिटरऔरफॉलो-अप- एडिमाप्रबंधनकीप्रगतिकीनिगरानीकरनेऔरआवश्यकतानुसारउपचारकोसमायोजितकरनेकेलिएस्वास्थ्यसेवाप्रदाताकेसाथनियमितअनुवर्तीनियुक्तियांआवश्यकहैं।दवाओंकाउपयोगकरतेसमययहविशेषरूपसेमहत्वपूर्णहै।
एडिमाकीरोकथाम
एकबारजबएडिमानियंत्रणमेंआजातीहै, तोस्वस्थजीवनशैलीबनाएरखनाऔरएडिमाकीपुनरावृत्तिकोरोकनेकेलिएकिसीभीअंतर्निहितस्थितिकाप्रबंधनकरनाआवश्यकहै।गंभीरएडिमाकेलिएचिकित्सासहायतालें-
यदिएडिमागंभीरहै, तेजीसेबिगड़रहीहै, यासीनेमेंदर्दयासांसकीतकलीफजैसेअन्यलक्षणोंसेजुड़ीहै, तोतत्कालचिकित्सासहायतालें, क्योंकियहएकचिकित्साआपातकालकासंकेतहोसकताहै।
एडिमाकेअंतर्निहितकारणऔररोगीकेविशिष्टचिकित्साइतिहासकेआधारपरएकव्यक्तिगतउपचारयोजनाविकसितकरनेकेलिएस्वास्थ्यसेवाप्रदाताकेसाथमिलकरकामकरनामहत्वपूर्णहै।एडिमाविभिन्नअंतर्निहितस्थितियोंकालक्षणहोसकताहै, इसलिएमूलकारणकोसंबोधितकरनाप्रभावीप्रबंधनकीकुंजीहै।